Wednesday, June 3, 2020
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यहाँ से हुई थी ईसाईयत की शुरुआत !जशपुर के इस गाँव का इतिहास भी अनोखा है ,जानिए इतिहास के झरोखे से….

क्या आपको पता है कि जशपुर जिले में ईसाई धर्म का उद्गम स्थल कहाँ है ?अगर नही पता तो कल याने 21 नव्मवर को जशपुर जिले के खईडकोना जरूर आइए।यह जिले का पहला ऐसा गाँव है जहां 21 नवम्बर 1906 को सबसे पहले ईसाई धर्म की पूजा हुई और 56 लोगों ने ईसाईयत कबूल किया था ।आज के दिन इस गाँव मे न केवल छग बल्कि पड़ोसी राज्य झारखंड और उड़ीसा के भी उसाई धर्मावलबी तीर्थ करने खड़ई कोना गाँव आते हैं और हजारों की संख्या में इक्कट्ठे होकर  पूजा करते है । बताते हैं कि फादर भान डेर लिंडर येसु समाज  और फादर ब्रेसर्स येसु समाज पहली बार खईकोना गांव में ख्रीस्तयाग चढ़ाया। यह जशपुर की पावन भूमि में पहला मिस्सा था।ये फादर पड़ोसी राज्य झारखंड के कटकाही पल्ली से आये थे।
कैथोलिक ईसाई समुदाय द्वारा आयोजित किये जाने वाले सामुहिक तीर्थयात्रा  मनोरा विकासखंड के आस्ता-खईड़कोना में सम्पन्न किया जाता  रहा है। विगद वर्षों की भांति इस बार भी जशपुर जिले के अलावा पड़ोसी राज्यों से भी ख्रीस्त भक्त काफी संख्यों भाग ले रहे हैं। कुनकुरी बिशप हाउस से बिशप के सचिव फादर विकास बड़ा ने बताया कि  इस वर्ष के तीर्थ यात्रा समारोह के मुख्य अतिथि व उपदेशक पश्चिम बंगाल राज्य के दार्जिलिंग धर्मप्रांत के बिशप स्टीफन एम.  लेपचा होंगे। इस अवसर पर अन्य अतिथियों के साथ जशपुर धर्मप्रांत के बिशप एम्मानुएल केरकेट्टा भी उपस्तिथि रहेंगे।  घाघरा डीनरी के डीन फादर अनानियस मिंज ने कहा इस कार्यक्रम को संचालन करने के लिए सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित कर दी गई हैं।
 

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ईसाई धर्म पुरोहित फादर प्रफुल्ल ने बताया कि 1889 में झारखंड के राँची इलाके में सबसे पहले ईसाईयत की नींव रखी गयी। थी उसके बाद से  धीरे धीरे छोटानागपुर इलाके में इस धर्म का विस्तार होने लगा और 1906 में जशपुर जिले में भी इस धर्म की शुरुआत हुई। आज जिले में इस धर्म को मानने वालों की संख्या लाखों में है ।कहा जाता है कि जिले के शैक्षणिक विकास में ईसाई मिशनरीज की सबसे अहम भूमिका है ।1906 के बाद से ईसाई मिशनरीज द्वारा गाँव गाँव मे स्कूल खोले जाने की शुरुआत की गई जिसके चलते जिले में तेजी से शिक्षा का विकास हुआ और स्थानीय लोगों के रहन सहन में परिवर्तन आना शुरू हुआ ।साक्षरता के क्षेत्र में जशपुर का नाम न केवल प्रदेश बल्कि पूरे देश मे है ।

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