Sunday, December 15, 2019
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मरदु फ्लैट्स: उच्चतम न्यायालय ने दिया 138 दिन में गिराने का आदेश…मकान मालिकों को 25-25 लाख मुआवजा देने का निर्देश

मरदु फ्लैट्स: उच्चतम न्यायालय ने दिया 138 दिन में गिराने का आदेश...मकान मालिकों को 25-25 लाख मुआवजा देने का निर्देश

नई दिल्ली: उच्चतम न्यायालय ने शुक्रवार को आदेश दिया कि कोच्चि के तटीय क्षेत्र पर बने मरदु फ्लैटों को केरल सरकार द्वारा दी गई समय सीमा के अनुसार 138 दिनों में गिरा दिया जाए। न्यायालय ने हर प्रभावित मरदु फ्लैट मालिक को चार सप्ताह में अंतरिम मुआवजे के तौर पर 25-25 लाख रुपए राज्य सरकार द्वारा दिए जाने का भी आदेश दिया।

इमारत गिराए जाने की निगरानी और कुल मुआवजे का मूल्यांकन करने के लिए न्यायालय ने उच्च न्यायालय के किसी सेवानिवृत्त न्यायाधीश की एक सदस्यीय समिति गठित करने का आदेश दिया।

न्यायमूर्ति अरुण मिश्रा और न्यायमूर्ति एस रविंद्र भट की पीठ ने कोच्चि के तटीय जोन इलाकों में अवैध इमारतों के निर्माण में शामिल बिल्डरों और प्रमोटरों की संपत्तियां जब्त करने का आदेश दिया। पीठ ने कहा कि सरकार अवैध रूप से इमारत बनाने वाले बिल्डरों और प्रमोटरों से अंतरिम मुआवजा राशि वसूल करने पर विचार कर सकती है।

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मरदु क्षेत्र में निर्मित हॉली फैथ रेजीडेंशियल बिल्डिंग की केरल स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड द्वारा कल शीर्ष अदालत के आदेश के बाद बिजली आपूर्ति काट दी गई थी। जिसके बाद आज निवासियों ने बिजली के लिए जनरेटरों की व्यवस्था की। 

वहीं, इससे पहले मरदु में चार इमारतों की बिजली और पानी की आपूर्ति रोक दी गई। उच्चतम न्यायालय ने तटीय नियमों का उल्लंघन करके बनी इन इमारतों को गिराने का आदेश जारी किया है।

बिजली और पानी की आपूर्ति रोके जाने को मानवाधिकार का उल्लंघन बताते हुए प्रदर्शन कर रहे यहां के लोगों ने बताया था कि ज्यादा संख्या में पुलिस की मौजूदगी के बीच बिजली आपूर्ति सुबह पांच बजे रोक दी गई और उसके कुछ घंटे के बाद पानी की आपूर्ति भी बंद कर दी गई।

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