Thursday, January 18, 2018
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विधायक मैडम ! सिर्फ पत्रकारों से लड़ना जानती हैं या हमारे हक़ के लिए भी लड़ेंगी, पूछ रहे हैं लैलूंगा के लोग

रायगढ़ न्यूज़ ।।

NTPC तिलाईपली कोयला खदान को लेकर स्थानीय नागरिकों ने मोर्चा खोल हुआ है वहीं वहां के विधायक गायब हैं। स्थानीय लोग सोशल मीडिया के जरिये उनपर सवालों की झड़ी लगा रहे हैं। उनका कहना है कि वे उद्योगों के हितों के लिए तो दिल्ली तक दौड़ लगाने की बात करती हैं क्या उनके लिए आवाज उठाएंगी? और वे सिर्फ पत्रकारों पर ही गुस्सा दिखती हैं या उनका गुस्सा हमारे पक्ष में भी दिखेगा। फिलहाल उनको जवाब नहीं मिल रहा है।

संसदीय सचिव सुनीति सत्यानंद राठिया को उनके ही क्षेत्र के लोग उनसे सवाल पूछ रहे हैं उनका कहना है कि जब आप पत्रकारों पर इतना गुस्सा दिखा सकती हैं तो उन अधिकारियों पर क्यों नहीं जो हमारा हक मार रहे हैं। श्रीमती राठिया के विधानसभा क्षेत्र में NTPC का कोयला खदान शुरु होने वाला है जिसमें क्षेत्र के नौ गांव समा जाएंगे। वहां के लोग अपने लिए पुनर्स्थापन और नौकरी की मांग कर रहे हैं लेकिन उनके पक्ष में संसदीय सचिव कहीं खड़ी नहीं हो रही है उससे क्षेत्र के रहवासियों में गुस्सा है।

संसदीय सचिव सुनीति सत्यानंद राठिया इन दिनों फिर से विवादों में है इस बार भी किसी बयान या पत्रकारों को धमकी देने के आरोप में नहीं बल्कि अपने ही क्षेत्र के लोगों के आवाज को नहीं सुनने को लेकर विवादों में हैं वहां के लोगों ने सोशल मीडिया पर इतना हल्ला मचाया हुआ है कि सुनीति राठिया को जवाब देते नहीं बन रहा। सोशल मीडिया पर लैलूंगा विधानसभा क्षेत्र के लोग बार-बार सवाल पूछ रहे हैं कि हमारे जनप्रतिनिधि कहां हैं जिनको हमने वोट देकर जिताया है वह हमारे पक्ष में खड़ी रहेगी या उद्योगपतियों और NTPC के पक्ष में खडी रहेंगी। यहां के लोगों का कहना है कि सरकार और प्रशासन के साथ संसदीय सचिव भी हमारे हक को लेकर सचेत नहीं हैं, जब भी हमारे हक़ की बात होती है हमारी विधायक जो संसदीय सचिव भी हैं वे कभी उद्योगपतियों तो कभी सरकारी कार्पोरेट के हाठों में खेलने लग जाती हैं। उनका कहना है कि जब जिंदल स्टील एंड पावर कंपनी से केंद्रीय सरकार खदाने वापस ले रही थी तब उनके हितों की गीत गाने दिल्ली तक जाने की बात कर रही थीं लेकिन जब हमारे हितों और हमारे अधिकारों की बात हो रही है तब वे कहां गायब हैं, पता नहीं।

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