Sunday, May 20, 2018
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हमारा क्या कसूर है साहब ?एक गाँव की बोलती तस्वीर..

 

 

बगीचा विकासखण्ड क्षेत्र अंतर्गत ग्राम नवापारा केंन्द्र व राज्य शासन के द्वारा किये जा रहे विकास के सारे दावे को ठेंगा दिखा रहा है। आमजनों के विकास के लिये शासन व प्रशासन के द्वारा योजनाओं को बना उनका संचालन किया जाता है लेकिन विभागीय लापरवाही के कारण आज कई लाभकारी योजनाएं सिर्फ कागजों की ही शोभा बढ़ाने के काम आ रही है। इनमें से ही एक नलजल योजना एवं स्वच्छता अभियान को ठेंगा दिखाता ग्राम नवापारा है जहां आज आजादी के कई वर्षों बाद भी अभी तक ग्रामीण ढोढ़ी का पानी पिने को मजबूर हैं।
ज्ञात हो की बगीचा विकासखण्ड क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत पण्ड्रापाठ का नवापारा ग्राम आज भी अत्यंत ही पिछड़ा हुआ है। यहां निवासरत ग्रामीणों आज भी ढ़ोढ़ी का पानी पिने को मजबूर हैं।ग्राम में उचित नल या कुंआ नहीं होने से ग्रामीणों को पानी के लिये मजबूरीवश ढ़ोढ़ी का ही सहारा लेना पड़ता है। ग्रामीणों ने बताया की उन्हें गर्मी के दिनों में पानी के लिये भारी समस्या उठानी पड़ती है। ग्राम में नलजल योजना के तहत यदि दो बोरिंग की व्यवस्था हो जाता तो ग्रामीणों की पानी समस्या हमेशा के लिये समाप्त हो जाता। प्रशासन के द्वारा पानी की कोई भी उचित व्यवस्था नहीं किये जाने से ग्रामीणों में भारी नाराजगी है।
प्रशासन पर लगाया अनदेखी करने का आरोप
ग्रामीणों ने प्रशासन पर अनदेखी किये जाने का आरोप लगाते हुये कहा की प्रशासन के द्वारा उनके ग्राम के साथ सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। ग्रामीणों के द्वारा ग्राम में आयोजित हुये सभी शासकीय कार्यक्रम,शिविर एवं लोक सुराज में प्रशासन से पानी की समस्या के संबंध में आदेन दिया गया है। लेकिन विभाग के द्वारा आज पर्यन्त तक इस ओर ध्यान नहीं दिये जाने से ग्रामीणों को मजबूरीवश ढ़ोढ़ी का पानी पिना पड़ रहा है।
लचर व्यवस्था के कारण नहीं मिल रहा ग्रामीणों को लाभ
ग्राम पंचायत पण्ड्रापाठ में वार्ड पंच के तौर पर पदस्थ पंच का कहना है की शासन को पंचायत के द्वारा कई बार प्रतिवेदन बना कर भेजा गया है। लेकिन विभागीय व्यवस्था सही नहीं होने के कारण प्रशासन के द्वारा उनकी मांगों को अनदेखा किया गया है। ग्रामीणों की समस्याओं के निदान के लिये ग्रामीण जल्द ही बड़े आंदोलन की योजना बना रहे हैं।आगामी दिनों में ग्रामीणों के द्वारा प्रशासन के विरूद्ध मोर्चा भी खोला जा सकता है।
योजनाओं के लाभ से वंचित ग्रामीण
शासन की महत्वकांक्षी नलजल योजना के तहतह ग्रामवासीयों को समुचित पानी का व्यवस्था किये जाने का प्रावधान है। लेकिन जिला प्रशासन के द्वारा योजना का सही तरीके से क्रियान्वयन नहीं किये जाने से नलजल योजना का लाभ ग्रामवासीयों को नहीं मिल रहा है। नवापारा में ग्रामीणों के द्वारा ढ़ोढ़ी का पानी पिने की घटना से नलजल योजना का सिर्फ कागजों में ही शोभा बढ़ाने का प्रमाण नजर आ रहा है।
ग्रामीण हो रहे बिमार
ग्राम नवापरा के ग्रामीण ढ़ोढ़ी का पानी पिने से बिमार हो रहे हैं। ढ़ोढ़ी का दूषित पानी पिने से ग्रामीणों को आय दिन बुखार सर्दी सहित अन्य बिमारीयों ने जकड़ रखा है। विगत साल भर से ग्राम में बिमारी का ग्राफ काफी तेजी से बढ़ा है।

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